International Yoga Day 2022 :: CM YOGI ने कहा: प्रधानमंत्री ने भारत की ऋषि परम्परा के उपहार योग को देश और दुनिया में पहुंचाने का कार्य किया
International Yoga Day 2022 :: CM YOGI said: The Prime Minister has done the work of taking the gift of India's Rishi tradition to the country and the world.
IPN Live
Lucknow, 21 Jun, 2022 08:38 PMलखनऊ, 21 जून 2022 (आईपीएन)। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल जी तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 8वें अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर आज यहां राजभवन में आयोजित योगाभ्यास कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि योग हमारे ऋषि-मुनियों का प्रसाद है। पहले योग केवल हमारे देश तक सीमित था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पूरे विश्व को योग से परिचित कराया। कोरोना महामारी में हम सभी को अहसास कराया है कि हमारे जीवन में स्वास्थ्य का कितना अधिक महत्व है और योग इसमें कितना बड़ा योगदान निभा रहा है।
राज्यपाल ने कहा कि आज का दिन एक ऐतिहासिक दिन है। प्रधानमंत्री ने ‘मानवता के लिए योग’ का आह्वान किया है। हम सभी को मिलकर मानवता की रक्षा के लिए कार्य करने होंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री को बधाई देते हुए कहा कि आज प्रदेश में 3.5 करोड़ से अधिक लोग योग कार्य से जुड़ रहे हैं। हर घर में योग के विचार पहुंचे और लोग स्वस्फूर्त भाव से योग से जुड़ें। सभी लोग योग से जुड़ें तथा निरोग की ओर बढं़े। हम सभी को योग को अपने जीवन का हिस्सा बनाते हुए अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए।
योगाभ्यास कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत की ऋषि परम्परा के उपहार योग को देश और दुनिया में पहुंचाने का कार्य किया है। दुनिया के 200 से अधिक देश अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर योग से जुड़कर भारत की ऋषि परम्परा और विरासत के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित कर रहे हैं। अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस हमारी योग रूपी विरासत पर हम सबको गौरवान्वित होने का एक माध्यम है। प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के इस वर्ष की थीम ‘मानवता के लिए योग’ है।
मुख्यमंत्री ने अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि योग का पहला नियम अनुशासन है। योग हमें अनुशासन में बांधकर निरोगता और शारीरिक एवं मानसिक विकास की ओर लेकर जाता है। योग एक छोटी सी व्यवस्था से एक बड़े आयाम की ओर हम सबको ले जाने का कार्य करता है। यदि शरीर स्वस्थ है, तो धर्म के सभी साधन स्वयं क्रमवार सफल होते जाएंगे, लेकिन यदि शरीर आरोग्य नहीं है तो धर्म का कोई भी साधन सफल नहीं हो सकता। नियमित योगाभ्यास करने वाले व्यक्तियों पर बुढ़ापे एवं रोग का असर नहीं पड़ता। योग से स्वस्थ शरीर को प्राप्त किया जा सकता है। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को योग से जुड़ना चाहिए। योग मानवता के कल्याण का माध्यम है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वैश्विक महामारी कोरोना के कारण लगभग 02 वर्ष बाद सामूहिक योग के इस प्रकार के कार्यक्रम पुनः आरम्भ हुये हैं। पूरा विश्व इस सदी की सबसे बड़ी महामारी कोरोना से प्रभावित हुआ है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में देश का कोविड प्रबन्धन दुनिया के अन्य देशों के मुकाबले सफल रहा है। कोरोना के नियंत्रण में योग का महत्वपूर्ण स्थान रहा है। वर्तमान में रोग प्रतिरोधक क्षमता के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ी है। कोरोना प्रबन्धन एवं नियंत्रण के कार्यक्रमों को व्यवस्थित ढंग से सम्पन्न किया गया। देश के प्रत्येक नागरिक के जीवन एवं आजीविका दोनों को सफलतापूर्वक सुरक्षित करने का कार्य किया गया है। ट्रेस, टेस्ट, ट्रीट तथा टीकाकरण एवं राशन के माध्यम से एक-एक व्यक्ति के कल्याण के कार्यों को कोरोना कालखण्ड के दौरान देश एवं प्रदेश में सम्पन्न किया गया है। 200 करोड़ से अधिक कोरोना वैक्सीन की डोज देशवासियों को दी जा चुकी हैं। साथ ही, भारत द्वारा 100 से अधिक देशों को कोरोना की वैक्सीन भी उपलब्ध करायी गयी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है। सौभाग्य है कि हम सब देश की आजादी के 75वें वर्ष के उत्सव के सहभागी हैं। आजादी के अमृत महोत्सव वर्ष में प्रदेश सरकार प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में मानवता के लिए योग के लक्ष्य को पूरा कर रही है। कोरोना महामारी, युद्ध की विभीषिका, अन्तर्कलह, भौतिकता के पीछे भागती मानवता की संकीर्ण सोच जैसे भावों को दुनिया बहुत नजदीक से महसूस कर रही है। इन विपरीत परिस्थितियों में भी प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन एवं आह्वान में आज देश में 25 करोड़ योग साधक यौगिक क्रियाएं सम्पन्न कर रहे हैं। प्रदेश सरकार के प्रयासों से आज राज्य के 75 हजार से अधिक स्थानों पर योग के कार्यक्रम सम्पन्न किये जा रहे हैं। समस्त जनप्रतिनिधिगण, आयुष विभाग, शासन-प्रशासन के अधिकारियों ने एक संकल्प के साथ मिलकर योग के इन कार्यक्रमों को सम्पन्न कराने के लिए प्रयास किया है। परिणामस्वरूप प्रदेश के 75 हजार से अधिक स्थानों पर एक साथ योग के कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न हो रहे हैं जिसमें 3.5 करोड़ लोगों के लक्ष्य से अधिक लगभग 05 करोड़ लोग सहभागिता करेंगे। स्वस्फूर्त भाव से लोग योगाभ्यास के कार्यक्रम से जुड़ रहे हैं।
आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में यह योग कार्यक्रम वसुधैव कुटुम्बकम को चरितार्थ कर रहा है। आज प्रदेश के 75 हजार स्थानों पर योगाभ्यास के विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं, जिनमें 58 हजार ग्राम पंचायतें, 14 हजार नगरीय निकाय, 03 हजार सांस्कृतिक एवं धार्मिक स्थल शामिल हैं। इस योगाभ्यास कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के योग कार्यक्रम का वर्चुअल प्रसारण किया गया तथा राज्यपाल, मुख्यमंत्री एवं अन्य वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने सामूहिक रूप से योगाभ्यास किया।

No Previous Comments found.